दर्शन, inspiration, philosophy

एक

© tulip_brook

जब निकले कंचन काया से,

लाल लहू सा एक शिम्ब,

और वो बने एक घाम गर्भ,

फल, फूल के उत्पत्ति का,

तब मिलता है ये प्रमाण-

प्रकृति की ये विविधता,

एक स्तर पर बोध कराती है,

समानता है,

सदृश्यता का |

सब एक ही हैं,

भिन्न होकर भी |

एक : प्रकृति : सदृश्यता

दर्शन

अष्ठ सिद्धि – पहली सिद्धि -अणिमा

सिद्ध होने का तात्पर्य है – स्वयं की सक्षमता को पूर्ण रूप से समझकर उसका उपयोग करना | अष्ठ सिद्धि वर्णित हैँ हमारे पौराणिक शास्त्रों में |इनमें सबसे प्रथम सिद्धि है अणिमा सिद्धि जिसका अर्थ है स्वयं के अंदर के लघु गुण का आभास होना अनिवार्य है | ये आभास वाणी में हो सकता है या काया में | आभास मात्र से इस सिद्धि की प्रबलता का बोध हो जाता है, और मनुष्य इसका सदुपयोग करना निरंतर प्रयास से ही सीख पाता है |

अष्ठ सिद्धि : दर्शन : अणिमा